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सी.एम. हेल्पलाइन पोर्टल को और अधिक बेहतर बनाने हेतु आपके सुझाव आमंत्रित हैं

मध्य प्रदेश देश का पहला राज्य है जिसने नागरिकों की समस्याओं का ...

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मध्य प्रदेश देश का पहला राज्य है जिसने नागरिकों की समस्याओं का निराकरण करने के लिए सी.एम. हेल्पलाइन की शुरुआत की। मध्य प्रदेश सरकार द्वारा नागरिक प्रशासन में नागरिकों की भागीदारी और उनके अधिकारों के संरक्षण का यह एक ऐतिहासिक और सराहनीय कदम है।

सी.एम. हेल्पलाइन बेहतर प्रशासन हेतु सरकार और नागरिकों के बीच की दूरी को कम करने के लिए एक मंच है। राज्य का कोई भी नागरिक अपनी शिकायतों और सुझावों को सी.एम. हेल्पलाइन के टोल फ्री नंबर 181 पर दर्ज करा सकता है जिनका निराकरण त्वरित रूप से सम्बंधित विभाग और अधिकारियों द्वारा किया जाता है । यह हेल्पलाइन केवल सार्वजनिक शिकायतों का समाधान ही नहीं करती, बल्कि कार्यों में अनावश्यक विलंब को भी कम करती है।

सुशासन और नागरिक जुड़ाव की दिशा में मध्य प्रदेश सरकार ने नागरिकों के लिये सी.एम. हेल्पलाइन जैसी एकीकृत व्यवस्था को स्थापित किया। उत्कृष्ट और त्वरित सेवाएं प्रदान करने के नए कीर्तिमानों के साथ यह यात्रा लगातार जारी है ।

राज्य लोक सेवा अभिकरण, मध्य प्रदेश, राज्य के सभी नागरिकों से अपील करता है कि सी.एम. हेल्पलाइन पोर्टल और इससे मिलने वाली नागरिक सेवाओं को और बेहतर कैसे बनाया जा सकता है, इस संदर्भ में आप अपने महत्वपूर्ण सुझाव हमें भेजें। आपके द्वारा प्राप्त महत्वपूर्ण सुझाव और विचार सी.एम. हेल्पलाइन से मिलने वाली सुविधाओं और उससे दी जाने वाली सेवाओं की गुणवत्ता को और बेहतर बनाने में मददगार साबित होंगे। इसके अलावा आप अतिरिक्त सुविधाएँ भी सुझा सकते हैं जो आपके अनुसार इस प्रणाली में जोड़ी जानी चाहिए।

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44 Record(s) Found

Arpit Magre 7 hours 22 min ago

सीएम हेल्पलाइन में अनेक फर्जी शिकायते भी आती है । जिनके रोकथाम के लिए उपाय किए जाने चाहिए।

Anil Tiwari 1 day 4 hours ago

पूर्ववर्ती सरकार में शिकायतों का झूठा निराकरण दिखा दिया जाता था किन्तु नई सरकार से लोगो की काफी अपेक्षाएं है इस पोर्टल में शिकायतों के निराकरण की निगरानी के लिए ग्राम पंचायत व नगर परिषद /निगम/पालिका वार ऐसे लोगो को भी निराकरण की निगरानी के लिए नियुक्त कर दिया जाए जो सीएम हेल्पलाइन द्वारा निराकृत शिकायतों की निगरानी कर सके जिससे कि संबंधित अधिकारी कर्मचारी शिकायतों का झूठा निराकरण न कर सकें जिससे लोगो का लोकतंत्र पर और विश्वास बना रहे !

RAJIV PANDEY 1 day 6 hours ago

उदाहरण के लिए यदि मेरी बाइक को पुलिस विभाग के किसी कर्मचारी द्वारा रोका गया और मेरा चालान किया जा रहा है और मेरे पास इसकी जानकारी नही है कि हेलमेट नही पहनने पर कितने का चालान होता है और संबधित कर्मचारी मेरे पूछने पर भी मेरा सहयोग नही कर रहा है तो मेरे द्वारा इस नम्‍बर पर फोन करके सही जानकारी प्राप्‍त कर ली जावेगी साथ ही उस संबधित अधिकारी से बात करा दी जाए जिससे वह मेरा कार्य पूर्ण सहयोग से पूरा करे।

RAJIV PANDEY 1 day 6 hours ago

इस कार्य मे समस्‍त विभागों को शामिल किया जाये, ग़ृह विभाग, राजस्‍व विभाग, क़ृषि विभाग, सभी विभाग और कोई भी व्‍यक्ति चाहे वह किसी विभाग की किसी प्रक्रिया के संबध मे कोई भी जानकारी हो वह उसी समय उस नम्‍बर पर काल कर प्राप्‍त कर सके यहॉं तक कि यदि कोई विभाग उसे परेशान कर रहा है तो उस संबधित विभाग के संबधित व्‍यक्ति से वह उस यूनिक नम्‍बर पर बात कराकर उस पूरी प्रक्रिया की जानकारी दे सके और उनके द्वारा सहयोग नही करने पर उस आई.डी. के साथ उसकी 181 पर शिकायत दर्ज करा सके।

RAJIV PANDEY 1 day 6 hours ago

सी.एम.हेल्‍पलाईन मे हर विभाग की योजनाओं एवं क्रियान्‍यवयन की प्रक्रिया की जानकारी देने की व्‍यवस्‍था की जानी चाहिए। ग्रामीण व्‍यक्ति सही जानकारी के अभाव मे भ्रष्‍टाचार का शिकार होता है। प्रत्‍येक व्‍यक्ति के स्‍तर पर उसके आवेदन के प्रक्रिया की सही जानकारी प्रदान करते हुये उसे पर हो रहे कार्य के प्रक्रिया के हर स्‍तर की जानकरी उसे प्रदाय किये जाने की व्‍यवस्‍था हो जिससे यदि वह किसी योजना के तहत एक बार कार्य कराये तो अगली बार वह स्‍वयं इसकी पूरी प्रक्रिया की जानकारी प्रदान कर सके।

Navin Kumar 6 days 3 hours ago

Cm helpline portal पर कुछ विभाग या निगम या बोर्ड जुड़े नही है उन्हें भी जोड़ने चाहिए।

इसमे एक विकल्प शासकीय कर्मचारियों को भी शिकायत के लिए उपलब्ध होना चाहिए।

Cm helpline me कर्मचारियों द्वारा किये गए प्रयासों के लिए file attach करने का option होना चाहिए जिससे शिकायत का समाधान होने पर आप देख कर शिकायत कर्ता के फिर भी संतुष्ट न होने पर उससे कारण पूछा जाकर शिकायत को बंद किया जा सके।

कलेक्टर d.o. letter upload krne ka ek aur alg se option ho jisme shikayt ka nirakaran kiya jaske.

Navin Kumar 6 days 3 hours ago

यदि किसी नियम के तहत किसी आवेदक की शिकायत नियम को दर्शाते हुए लाभ न देने संबंधी पात्रता से वंचित किया जाता है तो शिकायत को बंद करना चाहिए।
यदि कोई एक व्यक्ति बार बार एक ही शिकायत करता है तो उसके विरूद्ध कदम उठाते हुए कुछ कार्यवाही करनी चाहिए यदि उसकी शिकायत सिर्फ परेशान करने के उद्देश्य से हैं।
यदि शिकायत में संबंधित सभी उपलब्ध प्रयास किये जा चुके है तो शिकायत विभाग से विलोपित करनी चाहिए।
यदि किसी शिकायत का उस विभाग से कोई से कोई संबंध नही है तो उसे भी विलोपित करें।